पिथौरागढ़, चमोली और उत्तरकाशी के 108 सीमावर्ती गांवों में एकीकृत स्वास्थ्य सेवाएं होंगी सुदृढ़


देहरादून – प्रदेश सरकार और भारत–तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP) के बीच ‘स्वस्थ सीमा अभियान’ के अंतर्गत एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए। यह MoU शासकीय आवास पर संपन्न हुआ, जिसका उद्देश्य प्रदेश के सीमावर्ती क्षेत्रों में निवासरत नागरिकों को एकीकृत प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है।
इस समझौते के तहत पिथौरागढ़, चमोली और उत्तरकाशी जिलों के कुल 108 सीमावर्ती गांवों में स्वास्थ्य सुविधाओं को सुदृढ़ किया जाएगा। ITBP द्वारा योग्य चिकित्सक, प्रशिक्षित पैरामेडिकल स्टाफ, एमआई रूम (Medical Inspection Room) तथा टेली-मेडिसिन की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इसके साथ ही पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार गांवों में नियमित स्वास्थ्य सेवाएं दी जाएंगी।
MoU के अंतर्गत लाभार्थियों के स्वास्थ्य रिकॉर्ड का सुव्यवस्थित रख-रखाव, आवश्यक दवाइयों और चिकित्सा उपकरणों की समयबद्ध आपूर्ति भी सुनिश्चित की जाएगी। यह अभियान सीमांत क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच को मजबूत करेगा और स्थानीय नागरिकों को समय पर बेहतर इलाज उपलब्ध कराएगा।
प्रदेश सरकार ने स्पष्ट किया कि वह सीमावर्ती क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और स्वास्थ्य, आजीविका व आधारभूत सुविधाओं को प्राथमिकता दी जा रही है।
गौरतलब है कि इससे पूर्व भी ITBP और प्रदेश सरकार के बीच हुए MoU के तहत अब तक लगभग 3.80 लाख किलोग्राम ठोस उत्पादों एवं 3.25 लाख लीटर तरल उत्पादों की खरीद की जा चुकी है। इस पहल के माध्यम से ₹11.94 करोड़ से अधिक की खरीद सीधे तौर पर राज्य के पशुपालकों, मत्स्य पालकों और दुग्ध उत्पादकों के लिए आय का सशक्त और भरोसेमंद स्रोत साबित हुई है। इस अवसर पर माननीय कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत एवं श्री सौरभ बहुगुणा भी उपस्थित रहे।





