डिजिटल नीलामी से बदली तस्वीर: कालाढूंगी पुलिस ने GeM पोर्टल पर बेचे 34 वाहन, राजस्व में बड़ा इजाफा

कालाढूंगी (नैनीताल) – जनपद नैनीताल में पुलिस प्रशासन द्वारा पारदर्शिता और राजस्व वृद्धि की दिशा में एक अहम कदम उठाया गया है। माननीय न्यायालय, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी हल्द्वानी के आदेश (दिनांक 23 मार्च 2026) के अनुपालन में, पुलिस अधीक्षक नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टीसी के निर्देशन में कोतवाली कालाढूंगी में सीज वाहनों की नीलामी प्रक्रिया सफलतापूर्वक संपन्न कराई गई।
इस नीलामी के लिए एक समिति का गठन किया गया था, जिसमें उपजिलाधिकारी हल्द्वानी को अध्यक्ष बनाया गया। समिति में क्षेत्राधिकारी रामनगर, सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी हल्द्वानी तथा प्रभारी निरीक्षक कोतवाली कालाढूंगी को सदस्य के रूप में शामिल किया गया।
नीलामी प्रक्रिया के तहत मोटर वाहन अधिनियम के अंतर्गत सीज 33 वाहनों और 1 लावारिस वाहन सहित कुल 34 वाहनों को पहली बार Government e-Marketplace (GeM) पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन नीलाम किया गया। इस प्रक्रिया में RVSF (Registered Vehicle Scrapping Facility) पर पंजीकृत तीन कंपनियों ने भाग लिया।
ऑनलाइन नीलामी की शुरुआत ₹1,21,600 की प्रारंभिक बोली से हुई, जो प्रतिस्पर्धा के चलते बढ़कर ₹2,22,887.84 तक पहुंच गई। अंततः यह बोली V. Ventures कंपनी के पक्ष में फाइनल हुई।
पुलिस विभाग के अनुसार, पहले कोतवाली स्तर पर वाहनों की नीलामी स्थानीय ठेकेदारों के जरिए मौखिक बोली से होती थी, जिससे अपेक्षाकृत कम राजस्व प्राप्त होता था। लेकिन इस बार GeM पोर्टल के जरिए पारदर्शी और निष्पक्ष ऑनलाइन नीलामी कराते हुए वाहनों का अधिकतम मूल्य प्राप्त किया गया, जिससे राज्य सरकार के राजस्व में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई।
इस पूरी प्रक्रिया को सफल बनाने में प्रभारी निरीक्षक अरुण कुमार सैनी, मालखाना मोहर्रिर हेड कांस्टेबल ललित बिष्ट, हेड मोहर्रिर हेड कांस्टेबल हरवंश सिंह राणा, कांस्टेबल तेजपाल सिंह, कांस्टेबल जीवन चन्द्र पाण्डेय एवं महिला कांस्टेबल अंजु का विशेष योगदान रहा।
पुलिस की इस पहल को प्रशासनिक सुधार और डिजिटल पारदर्शिता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।





