Haldwani:-सीसीटीवी और पुलिस की तत्परता लाई रंग, खोया बैग सकुशल मिला, यात्री ने जताया आभार

हल्द्वानी – नैनीताल पुलिस की तत्परता और दो स्थानीय नागरिकों की ईमानदारी से लाखों रुपये मूल्य के जेवरात, नकदी और अन्य कीमती सामान से भरा एक बैग चंद घंटों के भीतर बरामद कर उसके मालिक को सकुशल सौंप दिया गया। अपना सामान वापस मिलने पर यात्री ने पुलिस और ईमानदार नागरिकों का तहेदिल से आभार व्यक्त किया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टी.सी. के निर्देशन में आमजन की सहायता एवं सुरक्षा के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना मुखानी पुलिस ने यह सराहनीय कार्य किया।
जानकारी के अनुसार, 27 जून 2026 की रात्रि ग्राम गलारी, तहसील धारचूला (जनपद पिथौरागढ़) निवासी डूंगर सिंह ने थाना मुखानी पहुंचकर सूचना दी कि सफर के दौरान उनका बैग कहीं छूट गया है। बैग में तीन मोबाइल फोन, 24 हजार रुपये नकद, सोने-चांदी के आभूषण तथा अन्य जरूरी सामान रखा हुआ था।
सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष सुशील जोशी ने चीता मोबाइल टीम को तत्काल बैग की तलाश में लगाया। पुलिस ने क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालकर यात्री द्वारा उपयोग किए गए टेंपो की पहचान की और उसके रूट का पता लगाया।
जांच के दौरान पुलिस ने दो स्थानीय नागरिकों प्रदीप कुमार सागर निवासी लालडांट बैंक कॉलोनी तथा अतुल प्रताप सिंह निवासी प्रेम विहार, पीली कोठी से संपर्क किया। दोनों ने बताया कि उन्हें कालाढूंगी रोड स्थित अल्मोड़ा अर्बन बैंक के पास एक बैग पड़ा मिला था। ईमानदारी का परिचय देते हुए दोनों बैग लेकर थाना मुखानी पहुंच गए।
थाने में डूंगर सिंह की मौजूदगी में बैग की जांच की गई, जिसमें तीन मोबाइल फोन, 24 हजार रुपये नकद, सोने का हार, चांदी का हार, सोने की अंगूठी, मांग टीका, कान की बालियां, नाक की बाली, चांदी के जेवरों का पूरा सेट, कपड़े, पानी की बोतल समेत सभी सामान सुरक्षित मिला।
पुलिस ने समस्त सामान विधिवत डूंगर सिंह को सुपुर्द कर दिया। अपना कीमती सामान वापस मिलने पर उन्होंने नैनीताल पुलिस की त्वरित कार्रवाई, कार्यकुशलता तथा दोनों नागरिकों की ईमानदारी की मुक्तकंठ से प्रशंसा करते हुए सभी का आभार व्यक्त किया।
इस सराहनीय कार्य में थानाध्यक्ष सुशील जोशी, चीता मोबाइल टीम के कॉन्स्टेबल रोहित, कॉन्स्टेबल धीरज सुगड़ा, कॉन्स्टेबल प्रहलाद राणा, कॉन्स्टेबल गोपाल दत्त तथा सीसीटीवी ऑपरेटर कॉन्स्टेबल राजेंद्र सिंह बिष्ट की महत्वपूर्ण भूमिका रही।




